Sunday, March 31, 2024

ईश्वर एक है - शाश्वत निराकार एवं सर्वव्यापक


 

1 comment:

  1. Seems that this honourable person is a Bhramgyani

    ReplyDelete

कबीर गर्व न कीजिए

कबीर गर्व न कीजिए देही देख सौरंग  आज काल तज जावना ज्यों काचुरी भुजंग । कबीर गर्व न कीजिए ऊँचा देख आवास  आज काल भोएं लेटना ऊपर जमेगा घास । कब...