Friday, November 27, 2020

किसी को ऊपर उठाने के लिए

शक्तिमान बनो - लेकिन अशिष्ट नहीं

दयालु बनो - लेकिन कमजोर नहीं

स्वाभिमानी बनो - लेकिन अभिमानी नहीं

विनम्र बनो - भयभीत नहीं

अच्छे, विचारशील और उदार बनो
लेकिन स्वयं को लोगों द्वारा उनके स्वार्थी उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल न होने दो।

यदि आप स्वयं को प्रेम और सम्मान नहीं देते तो आप किसी और को भी प्रेम और सम्मान नहीं दे सकते।

किसी को ऊपर खींचने में सक्षम होने के लिए - किसी को ऊपर उठाने के लिए पहले अपने पाँव मजबूती से टिकाने की ज़रुरत होती है।
स्वयं को सुरक्षित करके ही हम किसी और की सहायता कर सकते हैं। 

इसलिए, जीवन में सुख और शांति प्राप्त करने के लिए स्वयं का ध्यान रखना भी आवश्यक है।

No comments:

Post a Comment

Bondage vs Liberation

Even if a person drowns in a river of milk or honey,  He still drowns.  Lord Krishna says that a shackle is a shackle after all —whether mad...