अपने मन और बुद्धि को उच्च और उदार विचारों से पोषित करें
पूर्व धारणाओं और पूर्वाग्रहों को जाने दें - और नए विचारों का स्वागत करें।
विशाल हृदय और खुले दिमाग से नए सिद्धांतों और दर्शन को समझने का प्रयास करें।
क्योंकि हमारे विचार ही हमें बनाते हैं -
हमारे विश्वास और धारणाएं ही हमारे जीवन का मार्ग तय करते हैं।
जैसा हम सोचते हैं, वैसे ही हो जाते हैं।
हम जो मानते हैं - और जो बनना चाहते हैं - वही बन जाते हैं।
लेकिन हम अपने विचारों से ऊंचे कभी नहीं हो सकते।
अगर हम ऊपर उठना चाहते हैं तो हमें ऊंचा सोचना होगा।
और याद रहे - केवल एक विशाल ह्रदय एवं खुला दिमाग ही नए विचारों का स्वागत कर सकता है - उन्हें स्वीकार कर सकता है।
इसलिए अपनी पुरानी धारणाओं और पूर्व आग्रह को त्याग कर अपनी सोच - अपने क्षितिज - अपने क्षेत्र को व्यापक बनाएं।
" राजन सचदेव "
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उस ज़ावीऐ से देख सकूं To see from such a perspective
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Atee sunder bechar ji🪷🪷🙏🙏
ReplyDeleteits life changing if we adopt... Thanks for sharing--Jagpreet
ReplyDeleteThank you Jagpreet ji
Delete🌼💐🌺🙏🌿
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