यदि हम कुछ अच्छा करने के लिए सही समय की प्रतीक्षा करते रहेंगे -
तो हम जीवन भर प्रतीक्षा ही करते रहेंगे -
और वो सही समय - कभी भी नहीं मिलेगा।
सुख़नवरी में बस इतना कमाल वाजिब हो अधूरी बात में पूरा ख़्याल वाजिब हो ख़ुदा करे कि मैं उस ज़ावीऐ से देख सकूं जहां से आपके अंदर का हाल वाजिब ह...
That is why we say kal kare so aaj kar , aaj kare so ab, palmen pralay hoyegi , bahuri karega kab
ReplyDeleteAaj kare so kal kar, kal kare so parson,
ReplyDeleteItni jaldi kya hai bande, jab jeena hai barson !