Wednesday, September 21, 2022

उपहार या उपस्थिति ?

ये ज़रुरी नहीं कि उपहार या Gift कोई चीज़ या वस्तु ही हो।
प्यार, परवाह और सम्मान भी बहुत अच्छे गिफ़्ट हैं।
अपने कीमती समय में से कुछ समय अपने दोस्तों मित्रों और संबंधियों को दे कर देखिये कि वो कितने प्रसन्न होते हैं। 
कभी बिना मतलब बात करने और सिर्फ हाल-चाल पूछ लेने से भी संबंध मजबूत हो जाते हैं।
क्योंकि उपस्थिति - उपहार से ज़्यादा मायने रखती है।

3 comments:

  1. Beautiful 👌🙏🏿

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  2. दुरुस्त फ़रमाया, शुकराना होता है उनका जो दूसरों के भाव और मजबूरियां समझ कर अपना समय और सेवाओं से नवाजते हैं

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कबीर एह तन जाएगा Body is destined to perish

कबीर एह  तन जाएगा सकहु ता लेहु बहोरि  नागे पाओं ते गए जिन के लाख करोरि  हाड़ जले ज्यों लाकड़ी - केस जले ज्यों घास  एह  तन जलता देख के भयो कबीर...