Wednesday, March 13, 2019

हमारे पाँव का काँटा Hamaaray Paanv ka Kaanta

न हम-सफ़र न किसी हम-नशीं से निकलेगा
हमारे पाँव का काँटा - हमीं से निकलेगा

Na hum-safar, na kisi hum-nasheen say niklega
Hamaaray paanv ka kaanta - hamin say niklega 

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कबीर गर्व न कीजिए

कबीर गर्व न कीजिए देही देख सौरंग  आज काल तज जावना ज्यों काचुरी भुजंग । कबीर गर्व न कीजिए ऊँचा देख आवास  आज काल भोएं लेटना ऊपर जमेगा घास । कब...